– जिला चिकित्सालय में आयोजित हुआ पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम
अयोध्या। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण गतिविधि अयोध्या विभाग के तत्वाधान में जिला चिकित्सालय (पुरुष ) में एक विशाल पर्यावरण जागरूकताहै उत्सव कार्यक्रम मनाया गया। उद्घाटन जिला चिकित्सालय के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश सिंह, पर्यावरण जागरूकता उत्सव के संयोजक और वरिष्ठ परामर्शदाता अस्थि रोग, क्षेत्रीय पार्षद श्री बुद्धि पाल, फिजिशियन डॉ.आरपी राय, अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. गुलाब पटेल, अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ सीबीयन त्रिपाठी, डॉ.शैलेश सिंह, डॉ अमित सिंह, मैनेजर, राजेंद्र तिवारी, विवेकानन्द नगर के सह कार्यवाहक तथा राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के कार्यकर्ताओं ने तुलसी माता को पुष्प, धूप, दीप से पूजा अर्चना करके किया।
मुख्य अतिथि प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश सिंह ने कहा कि पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम बहुत आवश्यक है।इसमें अधिक से अधिक लोगों को पर्यावरण बचाने के लिए आगे आने की आवश्यकता है। उन्होंने तुलसी पूजन के बाद एक संत को शिकंजी पिलाकर और एक नीम का पौधा देकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया।वरिष्ठ परामर्शदाता अस्थि रोग और जगरूकता उत्सव के संयोजक डॉ. जीसी पाठक ने कहा कि यदि हमें अपने प्राण बचाने हैं, यदि धरती को बचाना है तो अपने पर्यावरण पर ध्यान देना होगा। पेड़, पानी, प्लास्टिक तीनों पर एक साथ काम करना होगा। उन्होंने बीजरोपण से वृक्षारोपण के विषय में विस्तार से बताते हुए कहा कि इसमें हमारा कोई पैसा नहीं खर्च होता। जो भी फल बाजार से लेकर हम खाते हैं उसके बीज को बोकर पौध तैयार करें और समय आने पर उसे रोपित करें और उसकी सेवा करते हुए उसे वृक्ष बनायें। उन्होंने कहा कि घर में पॉलिथीन न लाएं, जो पॉलिथीन पहले से है उसका इको ब्रिक बनाये। जल का संरक्षण करें और संवर्धन भी करें। उन्होंने सभी को अपने घर को हरित घर बनाने का अनुरोध किया और हरित घर के विषय में लोगों को बताया। जीव जंतुओं के संरक्षण की ओर भी उन्होंने लोगों का ध्यान आकृष्ट कराते हुए कहा कि धरती हमारी साझा विरासत है। बृक्ष हमारे देवतुल्य है। इस दौरान सैकड़ो नीम का पौध बाँटा गया। जिला अस्पताल में लगाया भी गया। 800 से अधिक लोगों ने शिकंजी और शीतल जल का पान किया।
